working capital turnover ratio in hindi

Working Capital Turnover Ratio in Hindi

इस से पहले हम Assets और Current Assets Turnover Ratio के बारे में जान चुके है।

जो हमें बताता है की क्या कंपनी अपने Current Assets को अच्छे से उपयोग कर रही है ? या नहीं।

इसी की तरह आज भी हम एक और Turnover Ratio के बारे में जानेंगे।

यह है, Working Capital Turnover Ratio.

इस से पहले की हम इसके बारे में जाने हमको समझना होगा की

 

Working Capital क्या है ? (Working Capital in Hindi)


किसी भी कंपनी के लिए Working Capital का मतलब है, कंपनी के लिए day to day के operation के लिए जरुरी पैसा।

यानि कंपनी को खुद की Products बनाने , छोटे छोटे खर्च करने, Raw Material खरीदने आदि चीज़ो के लिए जरुरी पैसा।

Working Capital के बिना कोई भी कंपनी अपना व्यापार नहीं कर सकती।

अगर कभी कंपनी के पास Working Capital की shortage हो तब कंपनी कम समय के लिए क़र्ज़ लेती है।

अब जानते है, की Working Capital को गिन कैसे सकते है?

 

Working Capital Formula :


किसी भी कंपनी की Working Capital खोजने के लिए हमें उसके Current Assets में से Current Liabilities को घटाना होगा।

Working Capital Turnover Ratio


उदाहरण के तौर पर कंपनी A के लिए Current Assets है 100 करोड़ के और Current Liabilities है, 50 करोड़ की।

तो उसके लिए

Working Capital = Current Assets – Current Liabilities

                            = 100 – 50 = 50 करोड़ होगी।

अब हम जानते है की

 

Working Capital Turnover Ratio क्या है ? (Working Capital Turnover Ratio in Hindi)


किसी भी कंपनी को व्यापार करने के लिए Working Capital की जरुरत होती ही है।

कई कंपनी या ऐसी होती है, जिनके पास Working Capital के तौर पर पैसा तो होता है, लेकिन उसे वह अच्छे से उपयोग नहीं करती।

जिस से उस कंपनी को और फिर उसके निवेशक को ही नुकसान होता है।

तो क्या कंपनी अपनी Working Capital को अच्छी तरह उपयोग कर रही है ?

इसका पता कैसे चले ?

तो इसका जवाब है उसके Working Capital Turnover Ratio में।

यह ratio हमें यह बताता है, की कंपनी एक साल में कितनी बार अपनी Working Capital को पैसो में बदल पाती है।

जितनी ज्यादा बार कंपनी ऐसा कर पाए उतनी ही अच्छी तरह से कंपनी Working Capital का उपयोग कर रही है।

इस लिए एक निवेशक के तौर पर निवेश से पहले कंपनी के इस Ratio के बारे में जानना बहुत जरुरी है।

तो आइए जानते है,

 

Working Capital Turnover Ratio Formula क्या है ?


किसी भी कंपनी के लिए यह Ratio खोजने के लिए उसकी Sales को Working Capital से विभाजित करना पड़ता है।
Working Capital Turnover Ratio
उदाहरण के तौर पर कंपनी A के लिए Sales है,250 करोड़ की और उसकी Working Capital है, 50 करोड़ की।

तो उसके लिए

Working Capital Turnover Ratio = 250 / 50 = 5.

यानि कंपनी A अपनी Working Capital को साल में पांच बार पैसो में बदल पाती है।

जो की Working Capital का बहुत अच्छा उपयोग है।

 

Working Capital Turnover Ratio का उपयोग :


इस ratio का उपयोग कर के हम एक ही Industry की समान कंपनीओ की तुलना कर सकते है।

जिस कंपनी के लिए यह ratio ज्यादा वह कंपनी अपनी Working Capital का अच्छे से उपयोग कर रही है।

और यह उस कंपनी का एक अच्छा (Positive) Point है।

उदाहरण के तौर पर Bata India और Khadim India के लिए ,

Company Name Bata India Khadim India
A) Current Asset (in Rs. Crore) 1837.47 371.81 From
B.S.
B) Current liabilities
(in Rs. Crore)
629.86 256.29 From
B.S.
C) Working Capital
(in Rs. Crore)
1207.61 115.52 A – B
D) Sales (in Rs. Crore) 2928.44 799.18 From
P&L
E) Working Capital Turnover
Ratio
2.42 6.91 D / C

जिसमे से हम देख सकते है, की Khadim India का Working Capital Turnover Ratio Bata India से बहुत ज्यादा है।

यानि Khadim India अपनी Working Capital Bata India की तुलना में बहुत अच्छे से उपयोग कर रही है।

हा लेकिन सिर्फ इसी वजह से हम किसी भी कंपनी में निवेश नहीं कर सकते।

निवेश के लिए हमें बहुत सी चीज़ो को देखना पड़ता है।

हा लेकिन इस Ratio का ज्यादा होना हमें उस कंपनी का एक Positive Point बताता है।

इस तरह आप भी किसी भी समान Industry की कंपनीओ के लिए यह Ratio की तुलना कर सकते है।

तो दोस्तों यह थी Working Capital Turnover Ratio के बारे में जानकारी।

उम्मीद करता हु यह जानकारी आपके लिए उपयोगी साबित हुई होगी।

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By Gaurav

Gaurav Popat एक निवेशक, ट्रेडर और ब्लॉगर है, जो की शेयर बाज़ार मे बहुत रुचि रखता है। वह साल 2015 से शेयर बाज़ार मे है। पिछले 7 साल मे खुद अलग अलग जगह से सीख कर और अनुभव के आधार पर शेयर बाज़ार और निवेश के विषय मे यहा पर जानकारी देता है।